मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर को इंटरनेशनल क्रिकेट से उनकी 'महाविदाई' पर सबसे बड़ा तोहफा भारत सरकार ने दिया
तेंदुलकर को देश के सर्वोच्च सम्मान 'भारत रत्न' से नवाजा जाएगा
पीएमओ ने शनिवार को इसकी औपचारिक घोषणा की
तेंदुलकर इस प्रतिष्ठित सम्मान के लिए चुने जाने वाले पहले खिलाड़ी हैं

राष्ट्रपति भवन के प्रवक्ता वेणु राजामोनी की एक संक्षिप्त बयान जारी करके कहा कि राष्ट्रपति ने तेंदुलकर को भारत रत्न देने का फैसला किया है जिन्होंने आज इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कहा
तेंदुलकर ने सबसे सफल बल्लेबाज के रूप में इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कहा

'मां को समर्पित किया भारत रत्न'
सचिन तेंदुलकर ने भारत रत्न अपनी मां को समर्पित किया है
सचिन ने मेसेज के जरिए ये जानकारी दी
सचिन ने मेसेज में लिखा,

शतकों का शतक लगाने वाला एकमात्र बल्लेबाज
तेंदुलकर इंटरनेशनल क्रिकेट में शतकों का शतक जड़ने वाले एकमात्र बल्लेबाज हैं
वह वनडे मैचों में दोहरा शतक जड़ने वाले पहले बल्लेबाज भी हैं.

'महाविदाई' का तोहफा है 'भारत रत्न'
यह पुरस्कार तेंदुलकर को विदाई का सर्वश्रेष्ठ तोहफा है, जिनके 24 साल के इंटरनेशनल करियर ने उन्हें क्रिकेटरों की पूरी पीढ़ी के लिए प्रेरणा बनाया
तेंदुलकर को भारत रत्न देने की मांग लंबे समय से चल रही थी और पिछले साल इस पुरस्कार की पात्रता में भी संशोधन किया गया जिससे कि खिलाड़ियों को भी इसकी योग्यता सूची में शामिल किया जा सके.

प्रोफेसर सीएनआर राव को भी मिलेगा 'भारत रत्न'
पिछले साल राज्य सभा का सदस्य बनने वाले पहले सक्रिय खिलाड़ी बने तेंदुलकर को यह सम्मान प्रोफेसर सीएनआर राव के साथ दिया गया है, जिन्होंने भारत के पहले मंगल अभियान में अहम भूमिका निभाई है
सरकार ने कई सालों बाद भारत रत्न पुरस्कार दिए हैं
पिछली बार यह पुरस्कार पंडित भीमसेन जोशी को दिया गया था
किसी खिलाड़ी को पहली बार मिलेगा 'भारत रत्न'
सचिन तेंदुलकर देश के पहले ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्हें 'भारत रत्न' से सम्मानित किया जाएगा
इससे पहले देश का सर्वोच्च सम्मान खिलाड़ियों को नहीं दिया जाता था
तेंदुलकर के साथ ये नया ट्रेंड शुरू हो रहा है